तुम्हें शर्म नहीं आती

“ क्यों भाई ! अच्छे खासे नवजवान हो . भीख मांगते तुम्हें शर्म नहीं आती . कोई काम-धंधा क्यों नहीं कर लेते. ?.

“ शर्म तो  बहुत आती है साहब, लेकिन कोई काम देता ही नहीं. क्या आप मुझे कोई छोटा-मोटा काम दिला सकते हैं. मैं आपसे वादा करता हूँ कि उसे पूरी ईमानदारी के साथ पूरा करुँगा.”.                              उसे किसी तरह टालने की गरज से उसने दूसरा ही प्रश्न दाग दिया.” ठीक है, ठीक है, यह बतलाओ, तुम्हारे अलावा परिवार में और कौन-कौन है ?..                                                              “मेरे अलावा मेरी बूढी अपाहिज माँ है. बीमार पडी है. बुखार में तवे की सी तप रही है.”

“ तो उसे अस्पताल क्यों नहीं ले जाते. सरकारी अस्पताल में मुफ़्त में इलाज हो जाएगा और उसे दवाइयां भी मिल जाएगी” उसने कहा.

“इलाज करा कर क्या फ़ायदा. यदि ठीक भी हो गई तो भूखॊं मरेगी. जब मैं खुद का पेट नहीं भर सकता तो उसे कहाँ से खिलाउंगा. उसका मर जाना ही ठीक होगा.”

बडी ही निष्टुरता के साथ उसने अपने मन की पीडा कह सुनाया था.उसे यह कहते हुए न तो  उसे कोई ग्लानि हो रही थी और न ही उसके चेहरे पर कोई शिकन..

 

- गोवर्धन यादव        

शिक्षा: स्नातक

*तीन दशक पूर्व कविताऒं के माध्यम से साहित्य-जगत में प्रवेश
*देश की स्तरीय पत्र-पत्रिकाओं में रचनाओं का अनवरत प्रकाशन
*आकाशवाणी से रचनाओं का प्रकाशन
*करीब पच्चीस कृतियों पर समीक्षाएं

प्रकाशित कृतियाँ:
* महुआ के वृक्ष ( कहानी संग्रह ) सतलुज प्रकाशन पंचकुला(हरियाणा)
*तीस बरस घाटी (कहानी संग्रह,) वैभव प्रकाशन रायपुर(छ,ग.)
* अपना-अपना आसमान (कहानी संग्रह) शीघ्र प्रकाश्य.
*एक लघुकथा संग्रह शीघ्र प्रकाश्य.

सम्मान:
*म.प्र.हिन्दी साहित्य सम्मेलन छिंन्दवाडा द्वारा”सारस्वत सम्मान”
*राष्ट्रीय राजभाषापीठ इलाहाबाद द्वारा “भारती रत्न “
*साहित्य समिति मुलताई द्वारा” सारस्वत सम्मान”
*सृजन सम्मान रायपुर(छ.ग.)द्वारा” लघुकथा गौरव सम्मान”
*सुरभि साहित्य संस्कृति अकादमी खण्डवा द्वारा कमल सरोवर दुष्यंतकुमार साहित्य स.
*अखिल भारतीय बालसाहित्य संगोष्टी भीलवाडा(राज.) द्वारा”सृजन सम्मान”
*बालप्रहरी अलमोडा(उत्तरांचल)द्वारा सृजन श्री सम्मान
*साहित्यिक-सांस्कृतिक कला संगम अकादमी परियावां(प्रतापगघ्ह)द्वारा “विद्धावचस्पति स.
*साहित्य मंडल श्रीनाथद्वारा(राज.)द्वारा “हिन्दी भाषा भूषण”सम्मान
*राष्ट्रभाषा प्रचार समिति वर्धा(महाराष्ट्र)द्वारा”विशिष्ठ हिन्दी सेवी सम्मान
*शिव संकल्प साहित्य परिषद नर्मदापुरम होशंगाबाद द्वारा”कथा श्री”सम्मान
*तृतीय अंतराष्ट्रीय हिन्दी सम्मेलन बैंकाक(थाईलैण्ड) में “सृजन सम्मान.
*पूर्वोत्तर हिन्दी अकादमी शिलांग(मेघाअलय) द्वारा”डा.महाराज जैन कृष्ण स्मृति सम्मान.

विशेष उपलब्धियाँ:-
औद्धोगिक नीति और संवर्धन विभाग के सरकारी कामकाज में हिन्दी के प्रगामी प्रयोग से संबंधित विषयों तथा गृह मंत्रालय,राजभाषा विभाग द्वारा निर्धारित नीति में सलाह देने के लिए वाणिज्य और उद्धोग मंत्रालय,उद्धोग भवन नयी दिल्ली में “सदस्य” नामांकित

(2)केन्द्रीय हिन्दी निदेशालय( मानव संसाधन विकास मंत्रालय) नयी दिल्ली द्वारा_कहानी संग्रह”महुआ के वृक्ष” तथा “तीस बरस घाटी” की खरीद की गई.

संप्रति: सेवानिवृत पोस्टमास्टर(एच.एस.जी.1* संयोजक राष्ट्र भाषा प्रचार समिति जिला इकाई ,छिन्दवाडा,म.प्र.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <strike> <strong>